पूर्णिया में अतिक्रमण हटाने गई पुलिस टीम पर तीर-धनुष से हमला, कई जवान घायल, 7 गिरफ्तार

TV24 News : बिहार में पुलिस और प्रशासनिक टीम पर हमले की घटनाएं लगातार चिंता का विषय बनती जा रही हैं। ताजा मामला पूर्णिया जिले के चंपानगर थाना क्षेत्र से सामने आया है, जहां कोर्ट और प्रशासन के आदेश पर अतिक्रमण हटाने पहुंची पुलिस टीम पर अतिक्रमणकारियों ने तीर-धनुष, ईंट और पत्थरों से हमला कर दिया। इस हिंसक झड़प में कई पुलिसकर्मी घायल हो गए, जबकि एक जवान के गर्दन में तीर लगने से उसकी हालत गंभीर हो गई।

घटना चंपानगर थाना क्षेत्र के मौजा प्रसादपुर की है। जानकारी के अनुसार प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस बल की टीम सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराने पहुंची थी। कार्रवाई शुरू होते ही बड़ी संख्या में मौजूद लोगों ने पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों का विरोध शुरू कर दिया। देखते ही देखते स्थिति हिंसक हो गई और उपद्रवियों ने पुलिस टीम पर ईंट-पत्थरों की बारिश कर दी। इतना ही नहीं, तीर-धनुष से भी हमला किया गया।

इस हमले में चंपानगर थाने में पदस्थापित ग्रामीण पुलिस जवान शंकर पासवान के गर्दन में तीर जा लगा, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। उनके अलावा आधा दर्जन से अधिक पुलिसकर्मी भी तीर और पत्थर लगने से जख्मी हुए हैं। सभी घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस सूत्रों के अनुसार, अतिक्रमण हटाने पहुंची टीम में करीब 50 से 60 पुलिसकर्मी मौजूद थे, जबकि विरोध कर रहे लोगों की संख्या लगभग 300 बताई जा रही है। मौके पर संबंधित अंचलाधिकारी समेत अन्य प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद थे, लेकिन भीड़ का आक्रोश लगातार बढ़ता गया और हमला लंबे समय तक जारी रहा।

घायल पुलिसकर्मियों ने बताया कि कार्रवाई के दौरान अचानक बड़ी संख्या में लोग जुट गए और पुलिस टीम को निशाना बनाना शुरू कर दिया। पहले ईंट-पत्थर फेंके गए, फिर तीर-धनुष से हमला किया गया। कई जवानों को सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में चोटें आई हैं।

घटना के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक महिला सहित सात लोगों को गिरफ्तार किया है। अन्य आरोपियों की पहचान कर गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।

यह घटना एक बार फिर उस गंभीर चुनौती को सामने लाती है, जिसका सामना कानून व्यवस्था बनाए रखने के दौरान पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को करना पड़ता है। शराबबंदी अभियान हो, अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई हो या फिर अतिक्रमण हटाने की मुहिम—अक्सर पुलिसकर्मियों को हिंसक विरोध और हमलों का सामना करना पड़ता है। लेकिन पूर्णिया में तीर-धनुष से किया गया हमला न सिर्फ चौंकाने वाला है, बल्कि यह कानून व्यवस्था के लिए भी गंभीर चेतावनी माना जा रहा है।

फिलहाल इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है और स्थिति पर प्रशासन की नजर बनी हुई है। मामले की जांच जारी है।